आज कल भागदोड़ भरी जिन्दगी, अनियमित व अनियंत्रित
दिनचर्या एवं भोजन, फास्ट फूड का सेवन, अत्यधिक प्रोटीन तथा कार्बोहाइड्रेट युक्त खाद्य पदार्थों के सेवन से एसिडिटी,
गैस, उच्च रक्तचाप, न
केवल हृदय रोग बल्कि मोटापा तथा मधुमेह जैसे रोगों के लिए बहुत जिम्मेदार है।
प्रोटीन तथा कार्बोहाइड्रेट युक्त खाद्य
पदार्थों के अत्यधिक सेवन से कोलस्ट्रॉल की उत्पत्ति होती है| जो रक्तवाहिनी के
शिराओं में मोम की तरह जमा होकर रक्त के प्रवाह में बाधा उत्पन्न कर सांस लेने में
कठिनाई पैदाकर एंजायना पेन को जन्म देता है। इसमें यकृत (लीवर) की भूमिका
महत्वपूर्ण होती है जो प्रोटीन, ग्लूकोज आदि पदार्थों को
घुलनशील बनाकर स्वास्थ्य के उपयोगी बनाती है। आर्टी चोक में 60 से 90 प्रतिशत
रोगी आयुर्वेद के उपचार तथा खानपान को नियंत्रित कर बिना किसी शल्यक्रिया के आजीवन
स्वास्थ्य रह सकते हैं।



